Thursday, August 8, 2013

हाय ये पडोसी

बैठे बैठे छज्जे छज्जे पर से
फेक रहे हमारे सर पे
कूड़ा अपने घर का
मानो सारे दुनिया भर का
आदत के अनुसार है ये
मेरे पडोसी

बन गया मेरे घर का
 बगीचा कूड़ादान अब
घास फूस खूब  लग गया
उसपर सडा पानी जो पड गया
वो भी ऊपर के पडोसी से

कितनी मेहरबानी ,
कितनी कदर
होती है हमारी
काश एक मौका मिले
मदद करने का हमे 
दिखा देंगे उनसे  बढकर हम
भले ही ऊपर चढ कर कदम //


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